पीएनएम हाईटेक मॉल में 1.68 करोड़ रुपये के बकाए पर श्रम विभाग ने उठाई कानूनी कार्रवाई
JSRnews.com | Local | 25 Jun 2026
परिचय
जमशेदपुर स्थित पीएनएम हाईटेक मॉल के खिलाफ श्रम विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 1.68 करोड़ रुपये से अधिक के बकाए के कारण सर्टिफिकेट केस दर्ज कर दिया है। यह मामला स्थानीय श्रमिक कल्याण उपकर के भुगतान से जुड़ा है।
प्रमुख तथ्य
- पीएनएम हाईटेक मॉल पर 1.68 करोड़ रुपये से अधिक का श्रम विभाग का बकाया
- झारखंड श्रमिक महासंघ की शिकायत पर जांच
- मॉल प्रबंधन को 30 दिन के भीतर भुगतान का नोटिस
- समय सीमा पूरी होने के बाद भी बकाया राशि जमा नहीं करना
- कानूनी प्रक्रिया में सर्टिफिकेट केस दर्ज, संभावित संपत्ति कुर्की की भी कार्रवाई
पृष्ठभूमि
जमशेदपुर के बिष्टुपुर क्षेत्र में स्थित पीएनएम हाईटेक मॉल पहले भी कई विवादों में रहा है। इसमें ज़मीन से जुड़ी समस्याएं और नक्शा विचलन के आरोप शामिल हैं। श्रम विभाग द्वारा लगाए गए उपकर की लंबित राशि पिछले कई महीनों से अदा नहीं की गई, जिससे विभाग ने सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया।
जमशेदपुर के श्रम विभाग की कार्रवाई
झारखंड श्रमिक महासंघ के महासचिव राजीव पांडे की शिकायत के बाद श्रम अधीक्षक-2 व उपकर निर्धारण अधिकारी स्वतंत्र सिंह ने जांच के बाद मॉल प्रबंधन को नोटिस जारी कर 30 दिन में भुगतान करने को कहा था। लेकिन इस अवधि में बकाया जमा नहीं होने पर विभाग ने सर्टिफिकेट केस दायर कर आगे की कानूनी कार्यवाही शुरू की।
अधिकृत बयान
श्रम विभाग के अधिकारी स्वतंत्र सिंह ने बताया कि अगर मॉल प्रबंधन जल्द से जल्द बकाया राशि जमा नहीं करता है तो विभाग संपत्ति कुर्की की कार्रवाई करने पर मजबूर होगा। इस कदम का मकसद श्रमिकों के हितों की रक्षा और कानूनी नियमों का पालन सुनिश्चित करना है।
जनता पर प्रभाव
पीएनएम हाईटेक मॉल में लगातार विवादों की वजह से स्थानीय व्यापारियों व श्रमिकों के बीच चिंता फैल गई है। मॉल की वित्तीय स्थिति पर प्रश्न उठने से स्थानीय बाजार में अस्थिरता का माहौल बन सकता है। श्रमिकों के हितों की अनदेखी रखने वाली इस स्थिति से क्षेत्र की कामगार कड़ी प्रभावित हो सकती है।
आगे क्या होगा
श्रम विभाग की इस सख्ती के बाद उम्मीद की जा रही है कि मॉल प्रबंधन अपनी जिम्मेदारी समझते हुए बकाया राशि जल्द अदा करेगा। अन्यथा संपत्ति की कुर्की जैसे कड़े कदम उठाए जाएंगे। यह कार्रवाई इस क्षेत्र के अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के लिए भी मिसाल बनेगी।
निष्कर्ष
जमशेदपुर के पीएनएम हाईटेक मॉल पर श्रम विभाग की कार्रवाई इस बात का संकेत है कि राज्य में श्रमिकों के हितों की रक्षा को लेकर विभाग गंभीर है। आर्थिक बकाया नहीं चुकाने पर कानूनी कार्रवाई का यह कदम अन्य प्रतिष्ठानों को भी सजग करेगा और श्रम कल्याण उपकर के संग्रह में सुधार लाएगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
- पीएनएम हाईटेक मॉल पर क्या कार्रवाई हुई है? - श्रम विभाग ने 1.68 करोड़ रुपये के बकाया न चुकाने पर सर्टिफिकेट केस दर्ज किया है।
- श्रम विभाग ने मॉल प्रबंधन को कितनी समय सीमा दी थी? - 30 दिन की मोहलत दी गई थी, जो पूरी होने के बाद भी भुगतान नहीं हुआ।
- मॉल के खिलाफ आगे क्या कानूनी कदम उठाए जा सकते हैं? - बकाया न चुकाने पर संपत्ति की कुर्की-जब्ती की कार्रवाई हो सकती है।
- यह मामला कब सामने आया? - झारखंड श्रमिक महासंघ की शिकायत के बाद मामले की जांच की गई।
- इससे स्थानीय जनता पर क्या प्रभाव पड़ेगा? - व्यापारिक अस्थिरता और श्रमिक हितों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।



