पूर्वी सिंहभूम में बढ़ी नक्सली सतर्कता, 15 लाख के इनामी सचिन की फिर से सक्रियता
JSRnews.com | Local | 23 Jun 2026
पूर्वी सिंहभूम जिले में एक बार फिर से नक्सलवाद के खतरे को लेकर स्थानीय सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। खुफिया सूत्रों ने सूचना दी है कि 15 लाख रुपये का इनामी नक्सली राम प्रकाश मार्डी, जिसे सचिन के नाम से जाना जाता है, पटमदा, बोड़ाम और गालूडीह के आसपास सक्रिय हो गया है। इस खबर के बाद पुलिस, सीआरपीएफ और अन्य सुरक्षा बलों ने दलमा वन क्षेत्र समेत संवेदनशील जगहों पर बड़े पैमाने पर सर्च अभियान छेड़ दिया है।
मुख्य बिंदु
- 15 लाख का इनामी नक्सली सचिन फिर से पूर्वी सिंहभूम में सक्रिय
- पुलिस और अन्य सुरक्षा दलों ने दलमा वन क्षेत्र में चलाया विशेष सर्च ऑपरेशन
- पेट्रोल पंप संचालकों से लेवी मांगने की जानकारी पर जांच तेज
- वन क्षेत्र से ट्रैप कैमरों के गायब होने पर वन विभाग ने शिकायत दर्ज कराई
- 2024 में नक्सल मुक्त घोषित जिला अब फिर से नक्सली सक्रियता की रिपोर्ट से चिंतित
पृष्ठभूमि
पूर्वी सिंहभूम जिले को साल 2024 में नक्सल मुक्त घोषित किया गया था। तब से इलाके में सुरक्षा का स्तर बढ़ाया गया था और नक्सली गतिविधियों पर नियंत्रण बनाया गया था। लेकिन हाल के दिनों में इनपुट्स से यह स्पष्ट हुआ कि कुछ पुराने नक्सली अपने क्षेत्रों में फिर से एक्टिव हो रहे हैं। राम प्रकाश मार्डी उर्फ सचिन का नाम कई नक्सली घटनाओं में सामने आ चुका है। वह पटमदा थाना क्षेत्र से संबंधित बताया जाता है।
हाल के घटनाक्रम
स्रोतों के मुताबिक सचिन अपने साथियों के साथ दलमा के जंगलों में देखा गया है। इससे पहले 5 लाख के इनामी नक्सली बिरेन सिंह उर्फ सागर, उनकी पत्नी और एक अन्य व्यक्ति मदन महतो सक्रिय थे। इसके अतिरिक्त कुछ व्यापारियों और पेट्रोल पंप मालिकों से लेवी मांगने की भी रिपोर्टें मिली हैं। पुलिस ने इन जानकारियों के आधार पर जांच तेज कर दी है और संदिग्धों से पूछताछ कर रही है।
अधिकारियों के बयान
सुरक्षा एजेंसियों ने बताया कि राम प्रकाश मार्डी उर्फ सचिन के सक्रिय होने की सूचना के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। दलमा वन क्षेत्र के आसपास विशेष निगरानी रखी जा रही है। इसके अलावा, वन क्षेत्र में लगे ट्रैप कैमरे और उनके उपकरणों के चोरी होने की भी जांच चल रही है।
जनता पर प्रभाव
इस नक्सली सक्रियता की खबर से स्थानीय निवासी चिंतित हैं। कारोबारियों और पेट्रोल पंप संचालकों को भी लेवी की धमकी मिलने से माहौल तनावपूर्ण हो गया है। सुरक्षा एजेंसियां जनता से शांति बनाए रखने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने का आग्रह कर रही हैं।
आगे क्या होगा
पुलिस और सीआरपीएफ क्षेत्र में लगातार सर्चिंग ऑपरेशन जारी रखेंगे। नक्सलियों को पकड़ने के लिए निम्न स्तर के खुफिया नेटवर्क को और प्रभावी बनाया जाएगा। प्रशासन संवेदनशील इलाकों में चप्पे-चप्पे पर नजर रखेगा ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से पहले ही रोक लगाई जा सके।
निष्कर्ष
पूर्वी सिंहभूम में नक्सली गतिविधियों के पुनरुत्थान की खबर सुरक्षा एजेंसाओं के लिए चुनौती बनी हुई है। हालांकि जिला पहले ही नक्सल मुक्त घोषित किया जा चुका है, लेकिन सक्रियता की सूचना से साफ है कि सतर्कता और बेहतर निगरानी की आवश्यकता बनी हुई है। जनता की सुरक्षा और शांति बनाए रखने के लिए सभी स्तरों पर आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- राम प्रकाश मार्डी उर्फ सचिन कौन हैं? सचिन एक नक्सली नेता हैं जिन पर 15 लाख रुपये का इनाम घोषित है।
- पूर्वी सिंहभूम कब नक्सल मुक्त घोषित हुआ था? जिला वर्ष 2024 में नक्सल मुक्त घोषित किया गया था।
- लेवी मांगने की घटना क्या है? नक्सली कुछ व्यापारियों और पेट्रोल पंप संचालकों से जबरन पैसे की मांग कर रहे हैं।
- सुरक्षा एजेंसियां क्या कर रही हैं? पुलिस, सीआरपीएफ और वन विभाग मिलकर इलाके में सर्च और निगरानी अभियान चला रहे हैं।
- जनता क्या कर सकती है? संदिग्ध गतिविधियों को तुरंत पुलिस और संबंधित अधिकारियों को सूचित करना चाहिए।



