गुरु रविदास कलश यात्रा का जमशेदपुर में भव्य स्वागत, 650वें प्रकाश उत्सव की खास तैयारी
JSRnews.com | Local | 04 Aug 2026
परिचय:
संत शिरोमणि गुरु रविदास महाराज के 650वें प्रकाश उत्सव के अवसर पर काशी से लेकर जमशेदपुर तक चल रही पवित्र कलश यात्रा को मंगलवार को जमशेदपुर में भव्य सम्मान मिला। डोबो पुल से सोनारी स्थित भूतनाथ मंदिर तक यात्रा की अगवानी की गई, जहां स्थानीय भाजपा नेतृत्व, सामाजिक संगठन और श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
मुख्य आकर्षण
- कलश यात्रा का काशी से जमशेदपुर तक का शुभारंभ।
- डोबो पुल से भूतनाथ मंदिर तक पुष्पवर्षा और जयघोष के साथ स्वागत।
- कलश यात्रा अगले 15 दिनों तक भूतनाथ मंदिर में स्थापित रहेगी।
- विभिन्न भाजपा नेता और सामाजिक प्रतिनिधि कार्यक्रम में शामिल।
पिछला संदर्भ
गुरु रविदास महाराज का जीवन सामाजिक समानता, मानवता और भाईचारे के संदेश से सराबोर रहा है। उनकी जयंती पर देशभर में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं जो समाज में समरसता को प्रोत्साहित करते हैं। काशी से लाई गई पवित्र मिट्टी से सजाया गया कलश इसी संदेश का प्रतीक है।
कलश यात्रा का हालिया आयोजन
मंगलवार को कलश यात्रा जब जमशेदपुर पहुंची तो भाजपा जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष संजीव सिन्हा के नेतृत्व में डोबो पुल से लेकर भूतनाथ मंदिर तक भारी संख्या में श्रद्धालुओं, भाजपा कार्यकर्ताओं और सामाजिक संगठनों ने भव्य स्वागत किया। इस दौरान विधायक पूर्णिमा साहू, भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अभय सिंह समेत अन्य शीर्ष नेताओं की मौजूदगी रही।
अधिकारिक वक्तव्य
विधायक पूर्णिमा साहू ने कहा कि गुरु रविदास का संदेश सामाजिक समरसता और समानता का स्तंभ है, जो हमारे देश को एक नया मार्ग दिखाता है। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अभय सिंह ने जोर देकर कहा कि गुरु रविदास के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और उनकी एकता का संदेश पूरी समाज में फैलाना आवश्यक है। संजीव सिन्हा ने आश्वासन दिया कि भाजपा कार्यकर्ता इस संदेश को हर स्तर पर पहुंचाएंगे, विशेषकर कमजोर वर्गों तक।
सार्वजनिक प्रभाव
इस कलश यात्रा ने जमशेदपुर में श्रद्धालुओं और नागरिकों में सामाजिक एकता और धार्मिक उत्साह को बढ़ाया है। स्थानीय लोगों ने गुरु रविदास के आदर्शों को याद किया और इस मौके पर उनकी जीवन गाथा से प्रेरणा ली। आगामी दिनों में भूतनाथ मंदिर में कलश के दर्शन के लिए भारी भीड़ आने की उम्मीद जताई जा रही है।
आगे की संभावनाएं
कलश यात्रा अगले 15 दिनों तक भूतनाथ मंदिर में स्थापित रहेगी, जिस दौरान विभिन्न धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। स्थानीय प्रशासन और सामाजिक संगठनों ने इसे समरसता का एक बड़ा अवसर बताया है, जो युवा पीढ़ी को भी गुरु रविदास के सिद्धांतों को अपनाने के लिए प्रेरित करेगा।
निष्कर्ष
गुरु रविदास कलश यात्रा के जमशेदपुर आगमन ने सामाजिक मेलजोल और धार्मिक आस्था को मजबूती प्रदान की है। यह आयोजन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि सामाजिक समरसता के संदेश को भी व्यापक स्तर पर फैलाने का माध्यम है।
सामान्य प्रश्न
- गुरु रविदास कलश यात्रा क्या है? यह एक धार्मिक यात्रा है जिसमें काशी से पवित्र मिट्टी के कलश को लेकर गुरु रविदास के 650वें प्रकाश उत्सव का आयोजन किया जाता है।
- कलश यात्रा का स्वागत कहां हुआ? जमशेदपुर के डोबो पुल से लेकर सोनारी स्थित भूतनाथ मंदिर तक इसका भव्य स्वागत हुआ।
- कलश मंदिर में कब तक रहेगा? यह यात्रा अगले 15 दिनों तक भूतनाथ मंदिर में स्थापित रहेगी।
- इसमें कौन-कौन से नेता मौजूद थे? भाजपा के संजीव सिन्हा, पूर्णिमा साहू, अभय सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित थे।
- गुरु रविदास का संदेश क्या है? सामाजिक समानता, मानवता और सभी के लिए भाईचारे का संदेश।



