संजीव नेत्रालय में लापरवाही के आरोप, ऑपरेशन के बाद मरीज ने किया हंगामा
JSRnews.com | Local | 26 Jun 2026
परिचय
जमशेदपुर के मानगो में स्थित संजीव नेत्रालय में एक मरीज द्वारा अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का गंभीर आरोप लगते ही हंगामा मच गया। ऑपरेशन के बाद मरीज की आँख की स्थिति और भी खराब हो गई, जिसके कारण परिवार ने अस्पताल के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।
मुख्य बिंदु
- मानगो के संजीव नेत्रालय में ऑपरेशन के बाद इलाज में लापरवाही का आरोप।
- 45 हजार रुपये की लागत से लेंस प्रत्यारोपण कराई गई, पर दृष्टि में सुधार नहीं हुआ।
- डॉक्टर के न आने से अस्पताल प्रबंधन और परिवार के बीच बहस।
- अन्य मरीजों ने भी चिकित्सा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए।
- पीड़ित ने कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी।
पृष्ठभूमि
मानगो क्षेत्र में संजीव नेत्रालय को आंखों के इलाज के लिए जाना जाता है। यहाँ नियमित ऑपरेशन और इलाज होते हैं, लेकिन हाल ही में एक मरीज के ऑपरेशन के बाद उसकी दृष्टि में गिरावट के मामले ने अस्पताल की प्रतिष्ठा को चुनौती दी है।
ताज़ा जानकारी
मरीज और उसके परिवार का कहना है कि ऑपरेशन के बाद स्थिति न सुधरी बल्कि और जटिल हो गई। इलाज में लापरवाही को लेकर जब अस्पताल प्रबंधन से शिकायत की गई, तब निर्देश मिला कि संबंधित डॉक्टर अस्पताल पहुंचने पर ही बात होगी। लंबे इंतजार के बावजूद डॉक्टर नहीं आए जिससे परिवार का गुस्सा बढ़ा।
अस्पताल में तनावपूर्ण माहौल
डॉक्टर के न आने और शिकायत का समाधान न मिलने पर मरीज के परिजनों और अस्पताल कर्मचारियों के बीच विवाद हो गया। यह स्थिति इतनी गंभीर हुई कि अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी फैल गई।
अधिक जानकारी: अस्पताल प्रशासन की प्रतिक्रिया
अभी तक संजीव नेत्रालय प्रबंधन की ओर से इस मामले पर कोई सार्वजनिक बयान नहीं आया है, जिससे स्थिति और भी तनावपूर्ण हो गई है। अस्पताल ने मरीज को पुनः परीक्षण कराने या जिम्मेदारी स्वीकार करने में कोई पहल नहीं की है।
जनता पर असर
इस विवाद ने अस्पताल की चिकित्सा अधिकारियों और मरीजों के बीच विश्वास को हिलाया है। अन्य मरीजों ने भी अस्पताल के रवैये पर सवाल उठाए हैं, जिससे मानगो क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवा पर चिंता बढ़ी है।
आगे क्या होगा?
पीड़ित मरीज ने इस मामले को लेकर कानूनी कदम उठाने का मन बना लिया है। इस बात से अस्पताल प्रशासन पर दबाव बढ़ेगा कि वे मामले का गंभीरता से समाधान निकाले। स्थानीय प्रशासन की भी इस मामले में ध्यान देने की संभावना है।
निष्कर्ष
संजीव नेत्रालय में लापरवाही के आरोप से यह स्पष्ट होता है कि स्वास्थ्य क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही कितनी अहम हैं। मरीजों की सुरक्षा और भरोसे को बनाए रखने के लिए अस्पतालों को जवाबदेह बनाना जरूरी हो गया है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
- क्या मरीज की दृष्टि ऑपरेशन के बाद और खराब हुई? हाँ, मरीज ने ऑपरेशन के बाद अपनी दृष्टि में गिरावट की बात कही है।
- अस्पताल प्रबंधन ने क्या प्रतिक्रिया दी? अभी तक अस्पताल की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
- मरीज ने क्या कार्रवाई की चेतावनी दी है? मरीज ने कानूनी कार्रवाई करने का संकेत दिया है।
- क्या यह मामला स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं पर असर डाल सकता है? हाँ, इस विवाद ने स्थानीय चिकित्सा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
- डॉक्टर की उपस्थिति से विवाद बढ़ा? हाँ, डॉक्टर के देर से आने के कारण परिवार का गुस्सा बढ़ा और विवाद हुआ।



