पूर्वी सिंहभूम प्रशासनिक फेरबदल के बाद बदले विभागीय दायित्व, कई अधिकारियों को मिला अतिरिक्त प्रभार
परिचय
JSRnews.com | Local | 30 May 2026
पूर्वी सिंहभूम जिले में हाल ही में प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल हुआ है, जिसके चलते विभागीय जिम्मेदारियों में कई बदलाव किए गए हैं। कई अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार दिए गए हैं ताकि सरकारी कामकाज निरंतर और सुचारु रूप से चलता रहे।
मुख्य बिंदु
- पूर्वी सिंहभूम प्रशासनिक फेरबदल के बाद विभागीय जिम्मेदारियां बदली गईं।
- कई अधिकारियों को उनके वर्तमान पद के साथ अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया।
- जनगणना, सामाजिक सुरक्षा, पंचायती राज, खेल और ग्रामीण विकास जैसे अहम विभाग प्रभावित हुए।
पृष्ठभूमि
पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन विभिन्न योजनाओं और सरकारी कार्यक्रमों के सुचारू संचालन के लिए समय-समय पर पदस्थापनों और तबादलों को लागू करता रहता है। इस बार भी प्रशासन ने कई अधिकारियों का तबादला किया तथा अवकाश पर सीमित अधिकारियों के कार्यभार को अन्य सदस्यों में बांटा गया। यह कदम विभागीय क्रियाकलापों में निरंतरता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है।
ताजा अपडेट
सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी और सह जिला सांख्यिकी पदाधिकारी मुजाहिद अंसारी के तबादले के बाद, जनगणना से जुड़े कार्य जिला शिक्षा पदाधिकारी मनोज कुमार को अतिरिक्त रूप से सौंपे गए हैं। इसी तरह, जिला कल्याण पदाधिकारी शंकराचार्य सामद को जिला पंचायती राज पदाधिकारी का अतिरिक्त कार्यभार प्राप्त हुआ है।
सामाजिक सुरक्षा विभाग की सहायक निदेशक नेहा संजना खलखो के लंबी छुट्टी पर रहने के कारण, उनके कार्यों की जिम्मेदारी अब जिला खेल पदाधिकारी रानी तिर्की ने ग्रहण की है। नव नियुक्त अपर समाहर्ता अनुराग तिवारी को भी जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (डीआरडीए) एवं राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) निदेशक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। इसके अलावा, जिला परिवहन पदाधिकारी के तबादले के पश्चात गोपनीय शाखा कार्यालय का प्रभार कार्यपालक दंडाधिकारी डेविड बलिहार को दिया गया है।
अधिकृत बयान
उपायुक्त ने बताया कि इन प्रशासनिक फेरबदल का उद्देश्य ऐसी व्यवस्थाएं करना है जिससे विभागीय कार्यों में बाधा न आए और जनता को सरकारी योजनाओं का बेहतर लाभ मिल सके। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा जताई कि वे अपने अतिरिक्त जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करें।
जनता पर प्रभाव
प्रशासनिक बदलावों से जिले के विभिन्न विभागों में कामकाज की गति प्रभावित होने की बजाय अधिक प्रभावशाली और जवाबदेह होगी। जनता को जल्द ही सरकारी योजनाओं और प्रशासनिक सेवाओं में सुधार दिखायी देगा।
आगे क्या होगा
प्रशासन द्वारा किए गए इन फेरबदल के बाद अधिकारियों को नई जिम्मेदारियों का प्रशिक्षण एवं संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जाएगी। इससे जिले में सरकारी सेवाओं का और बेहतर क्रियान्वयन होगा।
निष्कर्ष
पूर्वी सिंहभूम प्रशासनिक फेरबदल से विभागीय कामकाज में नई ऊर्जा आई है। समय रहते किए गए ये परिवर्तन जिले के विकास एवं सुशासन की दिशा में सहायक सिद्ध होंगे।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
- प्रशासनिक फेरबदल का मुख्य उद्देश्य क्या है? विभागीय कार्यों की निरंतरता और सरकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए जिम्मेदारियों का पुनर्वितरण।
- कौन-कौन से विभागों में बदलाव हुए हैं? जनगणना, सामाजिक सुरक्षा, पंचायती राज, खेल, ग्रामीण विकास, परिवहन आदि।
- अतिरिक्त प्रभार किसे मिला है? विभिन्न अधिकारियों को उनके वर्तमान पदों के साथ अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है।
- क्या जनता को इन बदलावों से फायदा होगा? हाँ, प्रशासनिक सुधारों से सरकारी सेवाओं में सुधार और त्वरित कार्यान्वयन संभव होगा।
- क्या आगे भी प्रशासनिक फेरबदल होंगे? जरूरत के अनुसार प्रशासन समय-समय पर बदलाव करता रहता है ताकि सुशासन सुनिश्चित किया जा सके।


