NIT जमशेदपुर के नए भवनों के नक्शा स्वीकृति में अटकन, ऑफलाइन मंजूरी के लिए सरकार से गुहार
JSRnews.com | Local | 22 Jun 2026
परिचय
जमशेदपुर स्थित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (NIT) के दो नए भवनों के नक्शों की स्वीकृति प्रक्रिया में अड़चन सामने आई है। आदित्यपुर नगर निगम ने इन भवनों के नक्शे के लिए राज्य सरकार के नगर विकास एवं आवास विभाग से ऑफलाइन अनुमति की मांग की है, क्योंकि ऑनलाइन प्रणाली के तहत उनकी मंजूरी संभव नहीं हो पा रही है।
NIT जमशेदपुर भवन नक्शा स्वीकृति में अटकन: मुख्य तथ्य
- NIT जमशेदपुर के दो नवनिर्मित भवनों के नक्शे की स्वीकृति के लिए ऑफलाइन प्रक्रिया की आवश्यकता।
- 2017 के राज्य आदेश के कारण ऑफलाइन स्वीकृति रोक दी गई थी।
- आदित्यपुर नगर निगम ने विशेष परिस्थिति में ऑफलाइन अनुमति के लिए राज्य सरकार से गुहार लगाई।
- झारखंड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय रांची और BIT मेसरा के उदाहरण का उल्लेख।
NIT जमशेदपुर भवन नक्शा स्वीकृति: पृष्ठभूमि
झारखंड सरकार ने 28 मार्च 2017 को आदेश जारी किया था जिसमें राज्य में भवन नक्शा स्वीकृति की ऑफलाइन प्रक्रिया पूरी तरह बंद कर दी गई। इसके बाद सभी आवेदन ऑनलाइन माध्यम से स्वीकार किए जाने लगे। हालांकि, NIT जमशेदपुर के दो भवन पहले ही स्रोतिंग चरण के बाद बन चुके हैं, जिसके लिए अभी उनका नक्शा स्वीकृत होना बाकी है। यह स्थिति प्रशासनिक और कानूनी जटिलताओं को जन्म दे रही है।
हालिया घटनाक्रम और अपडेट
19 मई 2026 को NIT जमशेदपुर के योजना एवं विकास विभाग के डीन ने आदित्यपुर नगर निगम को इन भवनों के नक्शे की ऑफलाइन स्वीकृति देने का अनुरोध किया। इसके बाद नगर निगम ने विभाग को पत्र लिख कर इस अनुमति को पाने का प्रयास शुरू किया। निगम ने राज्य सरकार से अपील की है कि विशेष परिस्थितियों में झारखंड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय रांची और BIT मेसरा के नक्शों को भी ऑफलाइन मंजूरी मिली थी, इसलिए उन्हें भी यह सुविधा दी जाए।
अधिकृत वक्तव्य
आदित्यपुर नगर निगम के अपर आयुक्त ने पत्र में स्पष्ट किया है कि यह मामला महत्वपूर्ण है और इसे जल्द हल किया जाना चाहिए ताकि भवनों का प्रयोग बिना किसी कानूनी अड़चन के शुरू हो सके। नगर विकास एवं आवास विभाग को आवश्यक अनुमति देकर समस्या का समाधान करना आवश्यक है।
इससे आम जनता पर प्रभाव
एनआईटी जमशेदपुर के इन भवनों का प्रयोग शिक्षण एवं शोध कार्यों के लिए किया जाना है। मंजूरी में देरी से संस्थान की शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो सकती है और छात्रों को सुविधाएं मिलना मुश्किल हो सकता है। साथ ही, निर्माण की आधिकारिक मान्यता के बिना ढांचागत और प्रशासनिक समस्याएं भी उत्पन्न हो सकती हैं।
आगे क्या होगा?
अब यह इंतजार किया जा रहा है कि राज्य सरकार नगर विकास एवं आवास विभाग किस तरह की विशेष अनुमति देती है। यदि ऑफलाइन अनुमति मिल जाती है, तो जल्द ही भवन नक्शों की स्वीकृति सुनिश्चित होगी। अन्यथा, प्रक्रिया ऑनलाइन माध्यम से पूरी करने के लिए नए कदम उठाए जा सकते हैं, जिससे समय और संसाधनों की बचत हो सके।
निष्कर्ष
NIT जमशेदपुर के दो नए भवनों के नक्शा स्वीकृति विवाद में अदालती या प्रशासनिक स्तर पर जल्द ही समाधान की अपेक्षा है। आदित्यपुर नगर निगम और सरकार के बीच समन्वय से इस समस्या को सुलझाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है, जिससे उच्च शिक्षण संस्थान के विकास में बाधा न आए।
सामान्य प्रश्न (FAQ)
- प्रश्न: NIT जमशेदपुर के भवन नक्शों की स्वीकृति क्यों रुकी हुई है?
उत्तर: 2017 के आदेश के तहत ऑफलाइन नक्शा स्वीकृति बंद हो जाने के कारण नक्शा केवल ऑनलाइन मंजूरी से गुजरना होता है, जबकि भवन पहले ही बन चुके हैं। - प्रश्न: क्या अन्य संस्थानों को ऑफलाइन स्वीकृति मिली है?
उत्तर: हां, झारखंड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय रांची और BIT मेसरा को राज्य सरकार से विशेष अनुमति मिली थी। - प्रश्न: इस समस्या का समाधान कब तक हो सकता है?
उत्तर: अभी स्थिति पर निगरानी बनी हुई है। जब तक विभाग से अनुमति नहीं मिलती, प्रक्रिया रुकी रहेगी। - प्रश्न: क्या यह मुद्दा NIT की पढ़ाई पर असर डालेगा?
उत्तर: स्वीकृति में देरी से भवनों का उपयोग प्रभावित हो सकता है, जिससे शैक्षिक गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं। - प्रश्न: अगला कदम क्या होगा?
उत्तर: सरकारी विभाग से विशेष ऑफलाइन अनुमति मिलने के बाद निर्माण नक्शा स्वीकृत किया जाएगा और परिस्थिति सामान्य होगी।



