झारखंड में बिजली चोरी पर JBVNL का बड़ा अभियान, एक दिन में सैकड़ों पकड़े गए
झारखंड में बिजली चोरी की बढ़ती समस्या को रोकने के लिए झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड (JBVNL) ने 25 मई को राज्यव्यापी मेगा रेड अभियान चलाया। यह अभियान सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक पूरे झारखंड में जारी रहा, जिसमें निगम की 119 टीमें अलग-अलग जिलों में घरों, दुकानों और व्यावसायिक स्थानों की जांच करती रहीं।
JSRnews.com | Local | 28 May 2026
जांच के दौरान कुल 3590 परिसरों की जांच की गई, जिनमें से 517 मामलों में बिजली चोरी की पुष्टि हुई। इन स्थानों पर मीटर में छेड़छाड़, अवैध कनेक्शन और सीधे लाइन से बिजली उपभोग करने के मामले सामने आए। अनुमानित बिजली चोरी की राशि 84.69 लाख रुपये आंकी गई है। निगम ने सभी मामलों में प्राथमिकी दर्ज कर, कड़ी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
राजधानी रांची में बिजली चोरी पर शिकंजा
रांची में संचालित इस अभियान के तहत 422 स्थानों पर छापेमारी हुई, जहाँ 38 बिजली चोरी के मामले पकड़े गए। अधिकारियों ने कहा है कि इस तरह के अभियान भविष्य में भी लगातार चलाए जाएंगे ताकि बिजली चोरी को समाप्त किया जा सके।
उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए 24x7 शिकायत केंद्र
JBVNL ने उपभोक्ताओं की सुविधा बढ़ाने के लिए कुसई कॉलोनी स्थित जन समस्या निवारण केंद्र को 24 घंटे संचालित करने का निर्णय लिया है। 27 मई से लागू इस व्यवस्था के तहत सोमवार से शनिवार तक शिकायत केंद्र खुला रहेगा। साथ ही नए हेल्पलाइन नंबर 9031110118 और 9031110119 भी जारी किए गए हैं, जिन पर उपभोक्ता किसी भी समय अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं।
आगे भी जारी रहेगा बिजली चोरी के खिलाफ अभियान
JBVNL अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिजली चोरी रोकने के लिए विशेष अभियान जारी रहेंगे। ऐसी कार्रवाई से निगम को होने वाले आर्थिक नुकसान में कमी आएगी और ईमानदार उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी। झारखंड में बिजली चोरी के खिलाफ यह कठोर कदम इस बात का संकेत है कि अब बिजली चोरी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
इस मेगा रेड के परिणाम स्वरूप, विभाग ने राज्य में बिजली व्यवस्था में सुधार के लिए अपनी तत्परता दिखाई है, जिससे उपभोक्ताओं को बेहतर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित हो सके।


