जमशेदपुर में 153 करोड़ की लागत से बनने जा रहा आधुनिक अंतरराज्यीय बस टर्मिनल
JSRnews.com | Local | 03 Jul 2026
परिचय
झारखंड के जमशेदपुर शहर में परिवहन क्षेत्र के आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट शुरू होने जा रहा है, जहां मानगो स्थित एनएच-33 पर 153.37 करोड़ रुपये की लागत से अत्याधुनिक अंतरराज्यीय बस टर्मिनल (ISBT) का निर्माण किया जाएगा। यह नया टर्मिनल यात्रियों को बेहतरीन सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ शहर की परिवहन व्यवस्था में क्रांतिकारी बदलाव लाएगा।
मुख्य बातें
- जमशेदपुर के मानगो क्षेत्र में 9.88 एकड़ में विकसित किया जाएगा नया ISBT।
- परियोजना पर कुल लागत लगभग 153.37 करोड़ रुपये है।
- पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) के तहत निर्माण कार्य होगा।
- टर्मिनल में एक साथ 50 बसों का ठहराव और 23 बसों का संचालन संभव होगा।
- परिवहन सुविधा के साथ-साथ व्यावसायिक परिसर और आधुनिक मॉल भी विकसित किए जाएंगे।
पृष्ठभूमि
जमशेदपुर शहर झारखंड का औद्योगिक और आर्थिक केंद्र है, जहां यातायात सुविधा हमेशा से विकास की आवश्यकता रही है। मौजूदा बस टर्मिनल की सीमित संख्या और पुरानी व्यवस्था के कारण यात्री असुविधा महसूस करते हैं। ऐसे में यह आईएसबीटी परियोजना भविष्य की बढ़ती मांगों का समाधान प्रदान करेगी और मानगो क्षेत्र को एक नया पहचान देगी।
ताजा अपडेट्स
झारखंड अर्बन इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कंपनी (JUDCO) ने 153.37 करोड़ रुपये की इस परियोजना के लिए टेंडर जारी कर दिया है। इच्छुक कंपनियों से ऑनलाइन निविदाएं 3 अगस्त तक मांगी जाएंगी। तकनीकी बोलियां अगस्त 2026 में खोली जाएंगी। इस परियोजना के लिए बोली लगाने वालों को 1.54 करोड़ रुपये की सुरक्षा राशि जमा करनी आवश्यक होगी।
आधुनिक बस टर्मिनल की विशेषताएं
मानगो के डिमना चौक से पारडीह मार्ग के समीप 9.88 एकड़ में वृहद् परिसर में बन रहे इस टर्मिनल में यात्रियों के आराम और सुविधा का पूरा ध्यान रखा गया है। साथ ही, यहाँ एक आधुनिक मॉल और व्यवसायिक स्थान भी विकसित होंगे जो क्षेत्रीय व्यवसाय को बढ़ावा देंगे।
अधिकारी और विशेषज्ञ बयान
झारखंड सरकार के अधिकारी बताते हैं कि इस आईएसबीटी परियोजना से न केवल शहर का परिवहन ढांचा बेहतर होगा, बल्कि रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। जुडको ने स्पष्ट किया है कि इस प्रोजेक्ट के तहत सरकारी और निजी क्षेत्र मिलकर कार्य करेंगे, जिससे गुणवत्ता और लागत नियंत्रण में संतुलन बना रहेगा।
लोकप्रिय प्रभाव
परियोजना पूरा होने पर शहर के निवासियों और यात्रियों को बेहतर परिवहन और सुविधा मिलेगी। नए बस टर्मिनल से ग्रामीण और शहरी इलाकों के बीच संपर्क मजबूत होगा, जिससे आर्थिक गतिविधियां तेज होंगी। इससे झारखंड के समग्र शहरी विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
आगे क्या होगा?
प्रोजेक्ट की प्री-बिड बैठक 13 जुलाई को आयोजित की जाएगी, इसके बाद निविदाओं का चयन होगा और निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जाएगा। उम्मीद की जाती है कि 2026 तक तकनीकी और निर्माण की प्रक्रिया पूरी होकर यह टर्मिनल जनता के लिए उपलब्ध होगा।
निष्कर्ष
जमशेदपुर का नया अंतरराज्यीय बस टर्मिनल शहर को आधुनिक ऊंचाईयों पर ले जाने का वादा करता है। यह परियोजना ना सिर्फ यातायात व्यवस्था सुधारने में मदद करेगी बल्कि स्थानीय व्यापार और रोजगार सृजन में भी सहायक होगी। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के आर्थिक विकास को गति देने में भी यह टर्मिनल एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
- प्रश्न: नया बस टर्मिनल कहां बनेगा?
उत्तर: नया आईएसबीटी मानगो के डिमना चौक और पारडीह मार्ग के पास लगभग 9.88 एकड़ जमीन में बनाया जाएगा। - प्रश्न: परियोजना की कुल लागत कितनी है?
उत्तर: इस परियोजना पर लगभग 153.37 करोड़ रुपये निवेश किया जाएगा। - प्रश्न: निर्माण मॉडल क्या होगा?
उत्तर: यह प्रोजेक्ट पीपीपी मॉडल (सरकारी और निजी साझेदारी) के तहत बनाया जाएगा। - प्रश्न: कब तक निर्माण पूरा होगा?
उत्तर: तकनीकी बोलियां अगस्त 2026 तक खोली जाएंगी, जिसके बाद निर्माण और पूरा होने की प्रक्रिया शुरू होगी। - प्रश्न: इसका किस प्रकार का प्रभाव होगा?
उत्तर: इससे जमशेदपुर की परिवहन व्यवस्था में सुधार होगा, आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी।



